Connect with us

Tech

Oscar winning director Paul Haggis ordered to pay 7 and Half million Dollor to Haleigh Breest in rape suit – Entertainment News India

Published

on


ऐप पर पढ़ें

निर्देशक पॉल हैगिस (Paul Haggis) बीते कुछ वक्त से रेप केस को लेकर चर्चा में बने हुए थे। ऑस्कर विजेता निर्देशक पॉल हैगिस रेप पर हलीघ ब्रीस्ट का बलात्कार करने का आरोप था, जिस पर अब कोर्ट का फैसला आ गया है। कोर्ट ने फिल्मकार पॉल हैगिस  को दोषी करार देते हुए पीड़िता को एक मोटी रकम चुकाने का आदेश दिया है। बलात्कार के मुकदमे में फिल्मकार पॉल हैगिस 75 लाख डॉलर का हर्जाना भरेंगे।

75 लाख डॉलर का हर्जाना देने का आदेश…

बलात्कार के मामले में आरोपी एकेडमी अवार्ड विजेता फिल्मकार पॉल हैगिस को बृहस्पतिवार को एक न्यायाधीश ने पीड़िता को 75 लाख डॉलर का हर्जाना देने का आदेश दिया। पीड़ित महिला ने ‘मी टू’ के दौरान फिल्मकार पर बलात्कार का आरोप लगाया था। न्यायाधीश ने यह भी फैसला किया कि अतिरिक्त दंडात्मक हर्जाना भी दिया जाना चाहिए, लेकिन राशि बाद में तय की जाएगी।

पब्लिसिस्ट हलीघ ब्रीस्ट ने दायर किया था मुकदमा …

‘मिलियन डॉलर बेबी’ और ‘क्रैश’ जैसी ऑस्कर विजेता फिल्मों के पटकथा लेखक रहे हैगिस के खिलाफ पेशे से पब्लिसिस्ट हलीघ ब्रीस्ट ने मुकदमा दायर किया था। हैगिस से ब्रीस्ट की मुलाकात 2010 के दशक की शुरुआत में एक फिल्म के प्रीमियर के दौरान मुलाकात हुई थी। 2013 में फिल्म की स्क्रीनिंग की पार्टी के बाद हैगिस ने ब्रीस्ट को घर तक छोड़ने की पेशकश की और उन्हें अपने न्यूयॉर्क वाले अपार्टमेंट में बुलाया।

हैगिस बोले- ब्रीस्ट ने था उकसाया…

अपने बयान में पीड़िता ने कहा कि हैगिस ने इसके बाद उनका गलत लाभ उठाना चाहा और उनका यौन उत्पीड़न किया। वहीं हैगिस ने कहा कि पीड़िता ने उन्हें इसके लिए उकसाया था। हालांकि, न्यायाधीशों ने ब्रीस्ट का पक्ष लिया। ब्रीस्ट ने कहा था कि हैगिस के खिलाफ मुकदमा दायर करने के बाद से उन्हें मानसिक और पेशेवर नुकसान पहुंचा है। उन्होंने 2017 में हैगिस के खिलाफ मुकदमा किया था।

 

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Tech

heart attack prevention tips how to know you have clots in blood arteries

Published

on

By


मेडिकल रिकॉर्ड्स कहते हैं, भारत में अचानक होने वाली मौतों की सबसे बड़ी दिल की बीमारी है। डॉक्टर्स कहते हैं कि जिन लोगों को हार्ट अटैक होता है, उनके ब्लड में पहले से क्लॉट होते हैं। उन्हें पता नहीं चल पाता। जब कभी एक्सरसाइज या ओवरएक्साइटमेंट में एग्जर्शन होता है तो ये क्लॉट टूटकर ब्लड में आगे बढ़ते हैं। अगर ये आगे चलकर ब्रेन, लंग या हार्ट की ब्लड सप्लाई रोक देते हैं तो हार्ट अटैक हो जाता है। ब्लड क्लॉट होना सामान्य प्रक्रिया है। खून के थक्के इसलिए जमते हैं कि कभी आपको चोट लगे या ऐक्सीडेंट वगैरह हो तो ज्यादा खून बह जाने से मौत न हो जाए। ये खून को जमाकर बहने से रोकते हैं। हालांकि ये क्लॉट्स अगर खुद नहीं घुलते तो आपके लिए खतरा बन सकते हैं। एक्सपर्ट्स का मानना है कि कोरोना के बाद लोगों में यह समस्या देखने को मिल रही है। इस वजह से भी हार्ट अटैक की घटनाएं बढ़ रही हैं। यहां कुछ लक्षण हैं जिनसे आप पहचान सकते हैं कि कहीं आपकी धमनियों में खून का थक्का तो नहीं जम रहा।

बढ़े हैं ब्लड क्लॉटिंग के मामले

कुछ स्टडीज में सामने आया है कि कोरोना के बाद लोगों में ब्लड क्लॉट्स के मामले बढ़े हैं। इस वजह से हार्ट अटैक और ब्रेन स्ट्रोक्स जैसे केसेज सामने आ रहे हैं। जब आर्टरीज यानी धमनी में थक्का जमता है तो इसे आर्ट्रियल थ्रॉम्बोसिस कहते हैं। यह काफी खतरनाक होता है। वेलनेस एक्सपर्ट करिश्मा शाह ने अपने इंस्टाग्राम पर कुछ लक्षण बताए हैं जिनसे आप क्लॉटिंग के लिए सतर्क हो सकते हैं। 

सूजन

जब क्लॉट रक्त संचार को रोकता या धीमा करता है तो यह वेसेल्स में जमा होता है, जिससे सूजन हो सकती है। आपके पेट या बांह में भी क्लॉट हो सकता है। क्लॉट हट भी जाता है तो भी कई लोगों को सूजन या दर्द की समस्या रहती है। यह ब्लड वेसेल्स के डैमेज की वजह से होता है। 

त्वचा का रंग

अगर क्लॉट आपके पैर या बांह में है तो नीला या लाल रंग दिखाई देगा। ब्लड वेसेल्स के डैमेज से आपकी स्किन का रंग बदला दिखेगा। 

दर्द

अचानक से सीने में दर्द होने का मतलब यह भी हो सकता है कि क्लॉट टूटा है। या फिर कई बार यह साइलेंट हार्ट अटैक का  लक्षण भी हो सकता है। अगर दर्द आपकी बांई भुजा में है तो आपको डॉक्टर से जरूर मिल लेना चाहिए। ये भी पढ़ें: हार्ट अटैक से मौतों के बीच हर डॉक्टर ने दी एक ही सलाह, आप भी करें फॉलो

सांस लेने में परेशानी

सांस लेने में दिक्कत होना सीरियस दिक्कत है। यह आपके लंग या हार्ट में क्लॉट का साइन हो सकता है। आपके दिल की धड़कन तेज हो सकती है या आपको पसीने के साथ बेहोशी आ सकती है। 

ब्लड क्लॉट की वजहें

प्रेग्नेंसी

देर तक बैठना या बेड रेस्

स्मोकिंग

मोटापा

हार्ट एरिदिमिया

डीप वेन थ्रॉम्बॉसिस

कोविड 

परिवार में ब्लड क्लॉट की हिस्ट्री

ओरल कॉन्ट्रासेप्टिव पिल्स या हॉरमोन थेरपी ड्रग्स

नोट: इन सारे लक्षणों की वजह कोई और समस्या भी हो सकती है। आपको जरा भी शक हो तो सबसे पहले अपने डॉक्टर से मिलें।

 

Continue Reading

Tech

Himachal Pradesh elections results 2022 arvind kejriwal AAP one percent vote share

Published

on

By


ऐप पर पढ़ें

Himachal Pradesh Elections Results 2022: हिमाचल प्रदेश के चुनाव 68 सीटों के रुझान में आम आदमी पार्टी का खाता तक नहीं खुल पाया है। प्रदेश में सामने आए रुझानों की मानें तो पहाड़ी राज्य में आम आदमी पार्टी फिसलती हुई नजर आ रही है। हिमाचल में पहाड़ों पर चढ़ाई के मकसद से चुनावी मैदान में उतरी अरविंद केजरीवाल की पार्टी आप एक कदम भी नहीं चलती दिख रही है। चुनाव आयोग के आंकड़ों में आम आदमी पार्टी का स्कोर जीरो है।

इतना ही नहीं, चुनाव आयोग की वेबसाइट के मुताबिक पार्टी को 1 फीसदी ही वोट मिले हैं। ऐसे में दिल्ली नगर निगम चुनावों में अपना जादू दिखाने वाले अरविंद केजरीवाल की पार्टी प्रदेश में पार्टी बुरी तरह से मात खाती दिख रही है। 

फिलहाल के रूझानों में कांग्रेस 38 और भाजपा 27 चल रही है। तीन सीटों पर निर्दलीय समेत अन्य आगे चल रहे हैं। ऐसे में रूझानों पर गौर करें तो राज्य में भाजपा का रिवाज बदलने का नहीं बल्कि कांग्रेस का राज बदलने का नारा साकार होता दिखाई दे रहा है। सभी सीटों पर चुनाव लड़ने वाली आम आदमी पार्टी(आप) को मतदाताओं ने पूर्णतया नकार दिया है।      

    

हिमाचल प्रदेश की कुल 68 सदस्यीय विधानसभा के लिए 12 नवंबर को चुनाव हुए, जिसमें 412 उम्मीदवार चुनावी अखाड़े में उतरे। चुनावी दंगल में भाजपा और कांग्रेस के अलावा आम आदमी पार्टी (आप), मार्क्सवादी कम्युनस्टि पार्टी (माकपा), बहुजन समाज पार्टी (बसपा) और अनेक निर्दलीय उतरे थे। इनमें 388 पुरुष और 24 महिला उम्मीदवार हैं।

    

इस बार के विधानसभा चुनाव में 76.6 प्रतिशत मतदाताओं ने मतदान केंद्रों पर अपने मताधिकार का इस्तेमाल कर इतिहास रच दिया था। नर्विाचन आयोग ने हालांकि राज्य में इस बार 80 प्रतिशत मतदान का लक्ष्य रखा था। इससे पहले वर्ष 2017 में 75.57 प्रतिशत, 2007 में 71.61 प्रतिशत और 2012 में 72.69 प्रतिशत मतदान हुआ था। वर्ष 2017 के चुनावों में भाजपा को 44, कांग्रेस को 21 सीटें मिलीं थीं। दो सीटों पर नर्दिलीय और एक सीट पर माकपा प्रत्याशी ने जीत हासिल की थी।

 

 

Continue Reading

Tech

किसने दौड़ा दी 'मोदी के घर' में सपा की साइकिल, अखिलेश के लिए गुजरात से भी खुशखबरी

Published

on

By



उत्तर प्रदेश में दो विधानसभा और एक लोकसभा सीट पर शानदार प्रदर्शन करने वाली समाजवादी पार्टी को गुजरात से भी खुशखबरी मिली है। पहली बार पीएम मोदी के गृहराज्य में सपा का खाता खुलने की संभावना दिख रही है।

Continue Reading

Trending

Copyright © 2022 All Right Reserved by AchookSamachar. Design & Developed by WebsiteWaleBhaiya