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why akhilesh yadav gave ticket only to dimple yadav in mainpuri by election 2022 if sp can defeat bjp challenges

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Maipuri By Election 2022:अपने पिता की सीट मैनपुरी में अखिलेश यादव ने अपनी पत्नी डिंपल यादव को उतार तो दिया है। इस तरह उन्होंने पिता की मुलायम की विरासत और सियासत दोनों पर एकाधिकार का संदेश दे दिया है। भाजपा मैनपुरी को जीतने के लिए जिस शिद्दत से लगी है, उसके चलते डिंपल के लिए यह चुनाव कतई आसान नहीं दिखता है। मैनपुरी में आज तक न जीतने वाली भाजपा क्या यह रिकार्ड तोड़ पाएगी, इसका जवाब वक्त आने पर मिलेगा। पर इतना जरूर है कि डिंपल के आने के बाद यह चुनाव रोचक जरूर हो गया है।

मुलायम के निधन के बाद उनके समर्थकों की भावनाएं सपा के साथ तो दिखती हैं और विरासत की जंग में अखिलेश सबसे आगे भी हैं। अखिलेश ने डिंपल का उतार कर धर्मेंद्र यादव व तेज प्रताप यादव की होड़ को खत्म करने की कोशिश की है। अब यह दोनों डिंपल के प्रचार में जुटेंगे। साथ ही शिवपाल यादव के लिए भी धर्मसंकट पैदा कर दिया है कि क्या वह बहू के खिलाफ रुख अपनाएंगे।

डिंपल कन्नौज लोकसभा सीट तीन बार लड़ीं। एक बार निर्विरोध जीतीं। दूसरी बार 2014 के लोकसभा चुनाव में जीतीं। उस वक्त मुलायम सिंह यादव उनके पक्ष में प्रचार करने कन्नौज गए थे। अगले लोकसभा चुनाव में मुलायम कन्नौज नहीं जा पाए। वह अपने मैनपुरी में ही व्यस्त हो गए। वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में सपा-बसपा का चुनावी गठजोड़ था। कन्नौज में डिंपल को कामयाबी नहीं मिली। मुलायम व मायावती अपनी बरसों पुरानी दुश्मनी भुलाकर एक मंच पर आए थे और मुलायम मैनपुरी में भारी बहुमत से जीत गए। इस बार मैनपुरी के सियासी समीकरण बदले हुए हैं।

अखिलेश मैनपुरी में प्रचार के लिए तैयार सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने अपने लोगों के बीच संकेत दिया है कि वह पिता की कर्मभूमि में होने वाले इस उपचुनाव में प्रचार के लिए जाएंगे। मुलायम यहां से पांच बार सांसद रहे थे। अखिलेश मैनपुरी में मुलायम से जुड़े पुराने नेताओं से मिलेंगे, रैलियां भी करेंगे। डिंपल के प्रचार के लिए जया बच्चन भी आएंगी। पिछले दिनों अखिलेश रामपुर व आजमगढ़ लोकसभा उपचुनाव में नहीं गए थे। भाजपा ने यह दोनों सीट जीत लीं। तब यह सवाल उठा था कि वह प्रचार के लिए क्यों नहीं गए।

शिवपाल यादव का रुख अब होगा महत्वपूर्ण

शिवपाल के लिए अब मैनपुरी में कोई कदम उठाना सपा की संभावनाओं को प्रभावित कर सकता है। क्या वह अपने परिवार की बहू का समर्थन करेंगे या अखिलेश व डिंपल उनसे समर्थन मांगेगे। वहीं उन्नाव में बार कार्यकारिणी के कार्यक्रम में आए शिवपाल ने मैनपुरी उपचुनाव में डिम्पल यादव को सपा प्रत्याशी बनाए जाने पर जानकारी से इनकार किया। हालांकि फिर उन्होंने कहा कि अगले दो, चार दिनों में इस बारे में लखनऊ में कुछ बताएंगे।

यह रही वजह प्रत्याशी बनाने की

जहां डिंपल को प्रत्याशी बनाने का निर्णय है, उसके पीछे जातीय समीकरण मुख्य कारण है। यहां डेढ़ लाख क्षत्रिय वोटर भी हैं। डिंपल की पृष्ठभूमि के कारण इस वर्ग का वोट मिलने की उम्मीद है जबकि अखिलेश खुद मैनपुरी की करहल सीट से विधायक हैं। यहां साढ़े तीन लाख यादव वोटर मुलायम की जीत आसान बनाते रहे हैं। भाजपा से शाक्य प्रत्याशी की संभावना देखते हुए अखिलेश ने मैनपुरी का जिलाध्यक्ष आलोक शाक्य को बना दिया।

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अफगानिस्तान के पूर्व PM को मारने बुर्का पहन मस्जिद में घुसे हमलावर, बाल-बाल बचे 'काबुल के कसाई'

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हिकमतयार हिज्ब-ए-इस्लामी पार्टी के नेता हैं। उन्होंने बाद में वीडियो संदेश में कहा कि हमलावर महिलाओं के बुर्का में छिपे आत्मघाती हमलावर थे, जो धमाका कर उन्हें उड़ाने के मकसद से आए थे।

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FIFA World Cup 2022 South Korea are through to the round of 16 after beating portugal 2 1 Uruguay and Ghana are out of the World Cup

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ह्वांग ही चान के अंतिम क्षणों में किए गए गोल की मदद से दक्षिण कोरिया ने शुक्रवार को यहां पुर्तगाल को 2-1 से हराकर ग्रुप एच से विश्व कप फुटबॉल टूर्नामेंट के अंतिम 16 में जगह बनाई। ही चान ने दूसरे हाफ के इंजरी टाइम में यह महत्वपूर्ण गोल किया जिससे उरुग्वे की नॉकआउट चरण में पहुंचने की उम्मीदें भी समाप्त हो गई। उरूग्वे ने ग्रुप एच के एक अन्य मैच में घाना को 2-0 से हराया लेकिन इसके बावजूद उसे बाहर का रास्ता देखना पड़ा।

पुर्तगाल अपने पहले दोनों मैच जीतकर नॉकआउट चरण में जगह बना चुका था लेकिन कोरिया ने उसकी जीत की हैट्रिक पूरी नहीं होने दी। ही चान ने सोन ह्यूंग मिन के पास पर निर्णायक गोल किया जिससे कोरिया ने ग्रुप एच से दूसरी टीम के रूप में नॉकआउट चरण में प्रवेश किया।

दक्षिण कोरिया ने बनाई नॉकआउट चरण में जगह

दक्षिण कोरिया और घाना के समान चार चार अंक रहे लेकिन एशियाई टीम बेहतर गोल अंतर के कारण आगे बढ़ने में सफल रही। ही चान के गोल से पहले दक्षिण कोरिया को किम यंग ग्वोन (27वें) ने बराबरी दिलाई थी। पुर्तगाल के लिए रिकार्डो होर्ता (पांचवें मिनट) ने गोल किया था।

कोरिया की जीत से जियोर्जियन डी अर्रास्केटा (26वें और 32वें मिनट) के प्रयासों पर भी पानी फिर गया जिन्होंने अपनी टीम को इस विश्वकप में जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई थी।

अल रेयान में खेले गए मैच में पुर्तगाल ने पांचवें मिनट में ही गोल करके दक्षिण कोरिया को दबाव में ला दिया था। उसके लिए यह गोल रिकार्डो होर्ता ने डिएगो डलोट के पास पर किया। डलोट ने दक्षिण कोरिया के रक्षकों को बड़ी कुशलता से छकाकर छह गज के बॉक्स के किनारे पर खड़े होर्ता की तरफ सरकाई जिन्होंने उतनी ही खूबसूरती से शॉट जमाकर उसे गोल में पहुंचाया।

दक्षिण कोरिया के लिए इस मैच में जीतना जरूरी था और इसलिए उसने अग्रिम पंक्ति में अधिक खिलाड़ियों को रखा। दक्षिण कोरिया ने हालांकि जल्द ही बराबरी का गोल दाग दिया। क्रिस्टियानो रोनाल्डो कॉर्नर किक को सही तरह से बाहर नहीं कर पाए और दक्षिण कोरिया के डिफेंडर किम यंग ग्वोन के पास चली गई, जिन्होंने उस पर गोल करने में कोई गलती नहीं की। यह विश्वकप में पिछले 10 मैचों में पहला अवसर था, जबकि दक्षिण कोरिया ने पहले हाफ में गोल किया।

पुर्तगाल ने जवाबी हमला किया लेकिन किम सियोंग ग्यू ने रोनाल्डो के शॉट पर शानदार बचाव किया। पुर्तगाल ने इसके बाद भी हमलावर तेवर बनाए रखें और किम सियोंग ग्यू ने पहले हाफ में कुल पांच बचाव किए और अपनी टीम को मध्यांतर तक 1-1 से बराबरी पर रखा। 

उधर अल वकराह स्टेडियम में उरूग्वे ने अच्छी शुरुआत की लेकिन वह घाना जिसे गोल करने का पहला सुनहरा अवसर मिला। उरूग्वे के गोलकीपर सर्जियो रोचेट की गलती से घाना को पेनल्टी मिली। रोचेट ने हालांकि बाद में अपनी भूमिका अच्छी तरह से निभाई तथा घाना के कप्तान आंद्रे अयु के ढीले शॉट को आसानी से रोककर टीम का संकट टाला।

इसके बाद डी अर्रास्केटा ने छह मिनट के अंदर दो गोल करके घाना को  बैकफुट पर भेज दिया। फेसुंडो पेलिस्ट्री ने दायीं तरफ से लुई सुआरेज को क्रास दिया जिनका नीचा रहता शॉट बचा लिया लेकिन गेंद डी अर्रास्केटा को मिली जिस पर उन्होंने उरूग्वे को 1-0 से आगे किया। उरूग्वे का इस विश्व कप में यह पहला गोल था।

उसने अपना दूसरा गोल करने में देर नहीं लगाई और इस बार भी डी अर्रास्केटा को ही गोल करने का श्रेय मिला। यह दर्शनीय गोल था जिसे उन्होंने सुआरेज के पास पर किया। उरूग्वे ने मध्यांतर तक 2-0 की अपनी बढ़त बनाए रखी। घाना को दूसरे हाफ के शुरू में ही अच्छा अब्दुल रहमान बाबा ने अच्छा मूव बनाया लेकिन मोहम्मद कुदूस उस पर गोल करने में नाकाम रहे।

FIFA World Cup 2022 : मोरक्को और क्रोएशिया ने प्री क्वार्टर फाइनल में बनाई जगह, वर्ल्ड कप नंबर दो बेल्जियम

घाना की गोल करने की बेताबी साफ नजर आ रही थी जबकि उरूग्वे ने अपनी पूरी ताकत गोल बचाने पर लगा रखी थी। कुदूस खेल 71वें मिनट में तीन रक्षकों को छका कर आगे बढ़े लेकिन उनका शॉट क्रॉसबार के ऊपर से बाहर चला गया।

जब भी गेंद सुआरेज के पास जाती तो घाना के समर्थक उनकी हूटिंग करते। उरूग्वे के इस तुनक मिजाज खिलाड़ी ने कुछ अवसरों पर अपने तेवर भी दिखाएं और उन्हें पीला कार्ड भी मिला। 

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दिल्ली शराब घोटाला: तेलंगाना सीएम KCR की बेटी को सीबीआई का समन, पूछताछ के लिए बुलाया

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पूर्व सांसद कविता फिलहाल तेलंगाना विधान परिषद की सदस्य हैं। उनको दिल्ली में सीबीआई मुख्यालय या जांच एजेंसी के हैदराबाद कार्यालय में उपस्थित होने का विकल्प दिया गया है।

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